चंडीगढ़ पुलिस की ऑपरेशन सेल ने गैंगस्टरों के गुर्गों को हथियार सप्लाई करने वाले अपराधी रिंकू उर्फ पोटली को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से सेमी ऑटोमैटिक पिस्टल बरामद की गई है। कुछ दिन पहले ही ऑपरेशन सेल ने 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिनके कब्जे से 14 पिस्तौल और 15 जिंदा कारतूस बरामद किए गए थे। यह गैंग उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश से हथियार मंगवाकर ट्राईसिटी में सक्रिय गैंगस्टरों, खासकर लक्की पटियाल-बंबीहा गैंग के सहयोगियों तक पहुंचा रहा था। इस अपराधी को डीआईजी राजीव रंजन सिंह की सुपरविजन में ऑपरेशन सेल के इंस्पेक्टर जसपाल सिंह की अगुवाई में पकड़ा गया है। गुप्त सूचना पर घर में रेड ऑपरेशन सेल की टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि सेक्टर-56 में रहने वाला रिंकू उर्फ पोटली ने अपने घर में अवैध हथियार और नशीला पदार्थ छिपाकर रखे हुए हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई की योजना बनाई। इसके बाद एसडीपीओ साउथ/वेस्ट की मौजूदगी में ऑपरेशन सेल की टीम ने आरोपी के घर पर रेड की। पुलिस जब घर की तलाशी ले रही थी तो पहली मंजिल पर बने बाथरूम में गीजर के ऊपर एक भारी बैग रखा मिला। टीम ने जब बैग की जांच की तो उसमें से एक अवैध सेमी ऑटोमैटिक पिस्टल बरामद हुई। पुलिस ने तुरंत हथियार को कब्जे में लेकर आरोपी को हिरासत में ले लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी रिंकू उर्फ पोटली ने खुलासा किया कि पुलिस के आने की भनक लगते ही उसने अपने पास रखा नशीला पदार्थ बाथरूम में फ्लश कर दिया था, ताकि उसके खिलाफ कोई सबूत न मिले। हालांकि पुलिस को उसके घर से अवैध हथियार बरामद हो गया। आरोपी के पास हथियार रखने का कोई लाइसेंस नहीं था। इसके बाद सेक्टर-39 थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 25, 54 और 59 के तहत मामला दर्ज कर लिया। यूपी और मध्यप्रदेश से मंगवाता था हथियार पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी रिंकू उर्फ पोटली उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर और मध्यप्रदेश के बड़वानी जिले से अवैध हथियार मंगवाता था। इसके बाद वह इन हथियारों को चंडीगढ़ और आसपास के इलाकों में सक्रिय गैंगस्टरों और अपराधियों तक पहुंचाने का काम करता था। आरोपी लंबे समय से इस नेटवर्क से जुड़ा हुआ था और जरूरत पड़ने पर अपराधियों को हथियार उपलब्ध करवाता था। शुरुआती जांच में सामने आया है कि जिन हथियारों की सप्लाई की जाती थी, उनका इस्तेमाल ट्राईसिटी में हत्या, रंगदारी, लूट, फिरौती और किडनैपिंग जैसी गंभीर वारदातों में किया जाता था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने अब तक कितने हथियार सप्लाई किए हैं और उसके संपर्क में कौन-कौन गैंगस्टर व अपराधी जुड़े हुए हैं। साथ ही पुलिस उन लोगों की भी पहचान कर रही है, जिन्हें आरोपी हथियार पहुंचाता था। पहले से आपराधिक रिकॉर्ड पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी रिंकू उर्फ पोटली का आपराधिक रिकॉर्ड काफी पुराना और लंबा है। उसके खिलाफ पहले भी चोरी, मारपीट, मर्डर, धमकी देकर पैसे मांगने, अवैध हथियार रखने और नशा तस्करी जैसे कई मामले दर्ज हो चुके हैं। पुलिस के अनुसार वह लंबे समय से अपराध की दुनिया से जुड़ा हुआ है। रिंकू के खिलाफ चंडीगढ़ के अलग-अलग थानों के अलावा मोहाली और जीरकपुर में भी केस दर्ज हैं। पहले की कार्रवाई के दौरान पुलिस उसके पास से देसी पिस्टल, 15 बोर राइफल और हेरोइन भी बरामद कर चुकी है। इसके बावजूद वह लगातार अपराध में सक्रिय रहा। आरोपी का संपर्क कई अपराधियों और गैंगस्टरों से रहा है। इसी वजह से ऑपरेशन सेल काफी समय से उसकी गतिविधियों पर नजर रख रही थी। वह 10वीं तक पढ़ा हुआ है। पुलिस जांच में सामने आया कि वह सेक्टर-31 स्थित एक वीजा कंपनी में चपरासी की नौकरी करता था।