हरियाणा कांग्रेस विधायक दल की बैठक में फिरोजपुर झिरका से विधायक मामन खान के खिलाफ बढ़ती कानूनी कार्रवाई और संभावित गिरफ्तारी को लेकर गंभीर चर्चा पर मंगलवार को पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा समेत कई कांग्रेस के पदाधिकारियों ने राज्यपाल से मुलाकात की। भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि ”एक मुद्दा तो हमारे विधायक हैं मामन खान, उनके खिलाफ पॉलिटिकली वेंडेटा (राजनीतिक प्रतिशोध) से जो मुकदमे दर्ज किए गए हैं, उसके बारे में हमने गवर्नर साहब को मेमोरेंडम दिया है। कॉपी आफताब आपको दे देंगे। वहीं दूसरा मुद्दा स्पेशल सेशन (विशेष सत्र) का था, वो था कि भाई स्पेशल सेशन जो है, क्यों बुलाया जा रहा है? जबकि वूमेन बिल (महिला आरक्षण बिल) इशू नहीं है, वूमेन बिल तो 2023 में पास हो चुका है, उसको इंप्लीमेंट करने की बात है ना, तो गलती सुधारने के लिए स्पेशल सेशन जो बुलाते हैं, कोई ऐसी बात हो, कोई इशू होता पब्लिक का जिसको करते, ये बताया हमने गवर्नर को बताया है। हमारे विधायक को बेवजह तंग किया जा रहा MLA अशोक अरोड़ा ने कहा, आज जैसे भूपेंद्र हुड्डा ने बताया कि महामहिम से मिलकर हमने हमारे जो विधायक साथी को बेवजह तंग किया जा रहा है, उन पर प्रेशर बनाया जा रहा है, मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं, उसके बारे में कहा कि आप इसमें दखल करो और सरकार को कहो कि इस प्रकार की द्वेष की भावना नहीं रखनी चाहिए। स्ट्रांगली (मजबूती से) हम सारे विधायक मामन खान के साथ हैं और अगर जरूरत पड़ेगी, तो विधानसभा के अंदर और बाहर भी इस मुद्दे को उठाएंगे। जो हमारे अधिकार में नहीं, उसके लिए बुलाया सेशन वहीं दूसरा जो कल के सेशन के बारे में था, उसके बारे में हमने जिक्र किया कि स्पेशल सेशन जब बुलाया जाता है, जब कोई देश के हित की बात हो, प्रदेश के हित की बात हो। आज नशा बढ़ रहा है उस पर लाते, बेरोजगारी के ऊपर लाते, अपराध के ऊपर लाते, परंतु ये सेशन जो बुलाया गया, अपने पॉलिटिकल फायदे के लिए बुलाया गया और जो चीज अधिकार में हमारे नहीं है, उसके लिए बुलाया गया। पहली बार नहीं, ये चौथी बार हुआ हमने महामहिम से इसके बारे में बताया कि ये पहली बार नहीं, चौथी बार हुआ है। पहले भी तीन बार इस प्रकार से इन्होंने जो इनके अधिकार में नहीं आता था, मनरेगा का सेंटर एक्ट है, उस पर इन्होंने चर्चा कराई। इसी प्रकार ‘वंदे मातरम’ 1950 में राष्ट्रगीत बन गया, उस पर चर्चा कराई। इसी प्रकार इलेक्शन रिफॉर्म जो किसी स्टेट का इशू ही नहीं है, उस पर चर्चा कराई। अब जो वूमेन बिल है, वो एकदम सेंटर में 2023 में पास हो गया और हमें हैरानी है कि अभी उसका नोटिफिकेशन नहीं हुआ और उसमें अमेंडमेंट लेके आ गए। अपनी गलती को छुपाने के लिए अब ये राजनीति ड्रामा कर रहे हैं। वुमन बिल के साथ कांग्रेस पहले भी खड़ी थी, आज भी है। अब तक कितने मुकदमे दर्ज नूंह हिंसा मामले में विधायक मामन खान का नाम कई एफआईआर में सामने आया है। पुलिस ने जुलाई 2023 की नूंह हिंसा से जुड़े कम से कम 3 से 4 मामलों में UAPA सहित गंभीर धाराएं जोड़ी हैं। इन मामलों में सांप्रदायिक हिंसा भड़काने, साजिश और अन्य गंभीर आरोप शामिल हैं। यही वजह है कि कानूनी कार्रवाई तेज होने के साथ उनकी गिरफ्तारी की आशंका बार-बार चर्चा में रहती है। सुरक्षा क्यों बढ़ाई हाल ही में कांग्रेस विधायक की सिक्योरिटी बढ़ाई गई थी। इसके पीछे की वजह गैंगस्टर और आपराधिक गिरोह से खतरे की सूचना बताया जा रहा है। इसके अलावा नूंह हिंसा मामले के बाद भी कांग्रेस विधायक की सुरक्षा का जोखिम बना हुआ है। इसको लेकर संभावित हमले या कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए एहतियाती कदम सरकार ने उठाया था। इन्हीं सब बिंदुओं को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा बढ़ाते हुए उन्हें गुरुग्राम शिफ्ट किया था और कमांडो तैनात किए गए थे। कांग्रेस ने ये बनाई रणनीति सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस विधायक दल मामले को राजनीतिक और कानूनी दोनों स्तर पर लड़ने की तैयारी कर रहा है। गिरफ्तारी की स्थिति में पार्टी एकजुटता दिखाने की रणनीति बनाएगी। विपक्ष इसे सरकार की कार्रवाई बताते हुए सवाल उठाने की तैयारी में है।