मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी आज रविवार को अपने विधानसभा क्षेत्र तारापुर के दौरे पर रहेंगे। शपथ ग्रहण के बाद मुख्यमंत्री का यह पहला गृह जिला दौरा माना जा रहा है। इसे लेकर स्थानीय लोगों में उत्साह देखा जा रहा है और उनके स्वागत की विशेष तैयारियां की गई है। दौरे के दौरान मुख्यमंत्री असरगंज और तारापुर के विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेंगे। वे बैजलपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय कार्यक्रम ‘मन की बात’ में शामिल होंगे और आमजन को संबोधित भी करेंगे। सीएम के दौरे को लेकर मौके से आई ये तस्वीरें… सीएम का मिनट दर मिनट कार्यक्रम… हेलीकॉप्टर से सुबह 10:30 बजे बैजलपुर उतरेंगे मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर सुबह 10:30 बजे असरगंज प्रखंड के बैजलपुर हेलीपैड पर उतरेगा। यहां से वे काली मंदिर परिसर पहुंचेंगे, जहां 11 बजे ‘मन की बात’ कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसके बाद वे जनसभा को संबोधित करेंगे। दोपहर 12:40 बजे ढोल पहाड़ी में इको-टूरिज्म योजना का शिलान्यास करेंगे। यह योजना करीब 12.49 करोड़ रुपए की लागत से विकसित की जाएगी, जिससे क्षेत्र को पर्यटन मानचित्र पर पहचान मिलने की उम्मीद है। 1:30 बजे सिंचाई प्रमंडल के जन संवाद में भाग लेंगे इसके बाद मुख्यमंत्री 1:30 बजे सिंचाई प्रमंडल तारापुर परिसर पहुंचकर जन संवाद कार्यक्रम में भाग लेंगे। इस दौरान अधिकारियों के साथ विकास कार्यों व सरकारी योजनाओं की समीक्षा करेंगे। दोपहर बाद 3:40 बजे मुख्यमंत्री शक्तिपीठ तेलडीहा दुर्गा स्थान में पूजा-अर्चना करेंगे। फिर 4:35 बजे माहपुर स्थित यज्ञ स्थल पहुंचकर विभिन्न प्रतिमाओं के दर्शन करेंगे। कार्यक्रमों के समापन के बाद शाम 5:05 बजे वे पटना के लिए प्रस्थान करेंगे। प्रशासन अलर्ट, सुरक्षा के कड़े इंतजाम मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। जिलाधिकारी निखिल धनराज और पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद लगातार कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण कर रहे हैं। सभी जगहों पर पंडाल, मंच और बुनियादी सुविधाएं तैयार कर ली गई हैं। सुरक्षा के मद्देनजर जगह-जगह पुलिस बल और क्यूआरटी टीम तैनात की गई है। कार्यक्रम स्थल के आसपास सरकारी योजनाओं से जुड़े बैनर-पोस्टर लगाए गए हैं और स्वागत द्वार भी बनाए गए हैं। ढोल पहाड़ी बनेगा पर्यटन हब, 12.49 करोड़ की योजना ढोल पहाड़ी को पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने की योजना के शिलान्यास की खबर से पूरे इलाके में उत्साह का माहौल है। लंबे समय से ग्रामीण इस मांग को उठा रहे थे और अब यह सपना साकार होता नजर आ रहा है। इस दिशा में दिवंगत विधायक मेवालाल चौधरी ने विधानसभा में मुद्दा उठाकर पहल की थी, जबकि पूर्व विधायक राजीव सिंह ने यहां सीढ़ी निर्माण की घोषणा की थी। अब 12 करोड़ 49 लाख रुपए की लागत से समग्र विकास योजना को मंजूरी मिलने के बाद क्षेत्र के विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है। ढोल पहाड़ी का ऐतिहासिक महत्व भी इसे खास बनाता है। स्वतंत्रता संग्राम के दौरान यह स्थान क्रांतिकारियों की शरणस्थली रहा है। प्राकृतिक सौंदर्य और ऐतिहासिक विरासत से भरपूर यह क्षेत्र अब पर्यटन हब के रूप में विकसित होकर स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आर्थिक उन्नति के नए अवसर भी पैदा करेगा।