संगरूर जिले के भवानीगढ़ में भारतीय किसान यूनियन डकौंदा बुरजगिल के नेतृत्व में किसानों ने बिजली कटौती के विरोध में एसडीओ कार्यालय का घेराव किया। किसानों ने आरोप लगाया कि लगातार लग रहे लंबे बिजली कटों के कारण खेतों में खड़ी फसलों की सिंचाई प्रभावित हो रही है, जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। प्रदर्शनकारी किसानों ने बताया कि गर्मी का मौसम शुरू होने के साथ ही हरे चारे और अन्य फसलों को पानी की अत्यधिक आवश्यकता है। हालांकि, बार-बार बिजली गुल होने से किसान अपनी मोटरें नहीं चला पा रहे हैं, जिसके परिणामस्वरूप खेत सूखने लगे हैं और फसलों के खराब होने का खतरा बढ़ गया है। किसानों को निर्बाध बिजली आपूर्ति के दावे खोखल साबित यूनियन के सूबा मीत प्रधान गुरमीत सिंह भट्टीवाल, जिला प्रधान करम सिंह बलियाल, ब्लॉक प्रधान चमकौर सिंह भट्टीवाल और बुद्ध सिंह बालद ने धरने को संबोधित करते हुए कहा कि पंजाब सरकार किसानों को निर्बाध बिजली आपूर्ति के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल विपरीत है। ग्रामीण इलाकों में लंबे समय तक बिजली कटौती की जा रही है, जिससे किसानों में भारी रोष है। बिजली संकट का हल न किया तो करेंगे संघर्ष किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया, तो किसानों को मजबूरन एक बड़ा संघर्ष शुरू करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि जब तक किसानों को नियमित और बिना कटौती बिजली आपूर्ति सुनिश्चित नहीं की जाती, तब तक एसडीओ कार्यालय का घेराव जारी रहेगा। आपूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाया जाएगा: एसडीओ प्रदर्शन के दौरान एसडीओ रघवीर सिंह घराचों मौके पर पहुंचे और किसानों से बातचीत की। उन्होंने किसानों को आश्वासन दिया कि भविष्य में अनावश्यक बिजली कटौती नहीं होने दी जाएगी और आपूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाया जाएगा। अधिकारियों के इस आश्वासन के बाद किसानों ने अपना धरना समाप्त कर दिया।