हिमाचल प्रदेश में पंचायत चुनाव के लिए आए नामांकन पत्रों की आज (12 मई) जांच जारी है। रिटर्निंग ऑफिसर (RO) और सहायक रिटर्निंग ऑफिसर (ARO) नामांकन पत्रों ‘स्क्रूटनी’ में गलत पाए जाने वाले नॉमिनेशन रिजेक्ट करेंगे। इच्छुक दावेदार 14 और 15 मई को अपने नामांकन वापस ले सकेंगे। 15 मई को दोपहर तीन बजे के बाद सभी दावेदारों को चुनाव चिन्ह आवंटित होंगे। इसी दिन चुनाव लड़ने वाले दावेदारों की तस्वीर साफ होगी और पता चलेगा कि किस सीट पर कितने दावेदार मैदान में है। स्टेट इलेक्शन कमीशन के अनुसार- 31 हजार 214 पदों के लिए 79 हजार 676 दावेदारों ने नामांकन भरें हैं। दुर्गम क्षेत्र पांगी के नामांकन पत्रों की संख्या आने के बाद इनकी संख्या लगभग 80 हजार होने की संभावना है। 50.80 लाख वोटर चुने नए जन प्रतिनिधि इन चुनावों में 3 हजार 754 प्रधान, 3 हजार 754 उप प्रधान, 21 हजार 654 वार्ड मेंबर, 1 हजार 769 बीडीसी और 251 जिला परिषद सदस्य चुने जाएंगे। इनके भाग्य का फैसला 50 लाख से ज्यादा मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। प्रत्येक मतदाता पांच वोट (प्रधान, उप प्रधान, वार्ड मेंबर, बीडीसी और जिला परिषद सदस्य को) देंगे। राज्य में तीन चरणों में वोटिंग पंचायत चुनाव तीन चरणों में 26, 28 और 30 मई को होंगे। प्रधान, उप प्रधान और वार्ड मेंबर की मतगणना वोटिंग वाले दिन ही पंचायत भवन में होगी। जिला परिषद और बीडीसी सदस्यों की मतगणना 31 मई को होगी। इसी तरह, सोलन, धर्मशाला, मंडी और पालमपुर नगर निगम चुनाव के नतीजे भी आएंगे। राज्य में नामांकन प्रक्रिया तीन दिन चली। सात मई को 16 हजार 891, आठ मई को 25 हजार 671 और 11 मई को 37 हजार 114 दावेदारों ने नॉमिनेशन फाइल किए।