पीजीआई के मरीजों को अब PET और CT स्कैन करवाने के लिए 15 से 30 हजार रुपए खर्च करने की जरूरत नहीं होगी। यह सुविधा जल्द ही पीजीआई के अंदर ही शुरू होने वाली है। इसमें पहली बार इसकी फीस ₹7000 होगी और 6 महीने के अंदर दोबारा टेस्ट कराने पर ₹3000 देनी होगी। पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, उत्तर प्रदेश एवं राजस्थान जैसे राज्यों से आने वाले मरीजों को इसका फायदा मिलेगा। इससे पैसे के साथ-साथ समय की भी बचत होगी और गुणवत्ता में भी सुधार होगा। कैंसर की जांच के लिए होता है जरूरी कैंसर की जांच के लिए PET और CT स्कैन के साथ-साथ एक रेडियोएक्टिव पदार्थ गैलियम-68 का उपयोग किया जाता है, जिससे न्यूरोएंडोक्राइन ट्यूमर और प्रोस्टेट कैंसर जैसी बीमारियों की जांच में मदद मिलती है। इस रेडियोएक्टिव पदार्थ को मरीज के शरीर में डालकर फिर स्कैनिंग की जाती है, जिससे आसानी से बीमारी का पता लगाया जा सकता है। पिछले 2 साल से बंद पड़े थे टेस्ट पीजीआई में ये दोनों टेस्ट पिछले 2 साल से बंद पड़े थे। इसलिए मरीजों को बाहर महंगे दामों पर ये टेस्ट कराने पड़ रहे थे। इसकी मुख्य वजह रेडियोएक्टिव पदार्थ गैलियम-68 की सप्लाई का न होना था। अब पीजीआई की तरफ से इसका ऑर्डर एक विदेशी कंपनी को दे दिया गया है। इससे इन टेस्टों के जल्द शुरू होने की संभावना बढ़ गई है। गैलियम-68 रेडियोएक्टिव पदार्थ शरीर में कैंसर कोशिकाओं पर जाकर जमा हो जाता है, जिससे स्कैनिंग के दौरान उनकी पहचान आसान हो जाती है।