किशनगंज में बारिश, 9 जिलों में रेड अलर्ट:पटना का तापमान सामान्य से 4°C कम; 24 घंटे में 109.2mm बारिश, नालंदा-शेखपुरा में ओले गिरे

बिहार में प्री-मानसून एक्टिव है। तेज गरज-चमक के साथ आंधी-बारिश का सिलसिला जारी है। किशनगंज में रविवार सुबह बारिश हो रही है। आज भी मौसम विभाग ने 19 जिलों के लिए बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। विभाग ने 9 जिलों के रेड अलर्ट भी जारी किया है। मौसम विज्ञान के पटना केंद्र ने राज्य के कई जिलों के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए तेज मेघगर्जन, वज्रपात, बारिश, ओलावृष्टि और आंधी की चेतावनी दी है। मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ घंटों से लेकर अगले कई दिनों तक राज्य में मौसम अस्थिर बना रहेगा। विभाग की माने तो अगले 5 दिनों यानी 14 मई तक मौसम ऐसा ही रहेगा। जिलों में आंधी-बारिश होती रहेगी। इसके बाद फिर गर्मी बढ़ सकती है। बीते 24 घंटे में नालंदा-शेखपुरा में तेज आंधी के साथ बारिश हुई, ओले भी गिरे। वहीं औरंगाबाद में भी बारिश हुई। पटना समेत कई जिलों में हल्के बादल छाए रहे। हालांकि बक्सर-जमुई में तेज धूप खिली। बिहार में आंधी-तूफान की कुछ तस्वीरें देखें… कई जिलों के लिए रेड वार्निंग जारी बांका, जमुई, जहानाबाद, लखीसराय, मुंगेर, नालंदा, नवादा और शेखपुरा जिलों में भी रेड वार्निंग जारी की गई है। यहां तेज मेघगर्जन, वज्रपात और बारिश के साथ ओलावृष्टि की आशंका जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार इन जिलों में भी हवा की गति 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। वहीं मौसम केंद्र ने गया और नवादा जिले के कई प्रखंडों के लिए रेड वार्निंग जारी की है। मौसम विभाग के मुताबिक इन इलाकों में अगले दो से तीन घंटों के दौरान तेज मेघगर्जन, वज्रपात, बारिश और ओलावृष्टि की प्रबल संभावना है। इस दौरान 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चल सकती है। पटना का तापमान सामान्य से 4 डिग्री कम राजधानी पटना समेत राज्यभर में शनिवार को मौसम का मिजाज बदला रहा। पिछले 24 घंटों के दौरान बिहार के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश, मेघगर्जन और तेज हवा चली, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। बादलों और बारिश के प्रभाव से तापमान में गिरावट दर्ज की गई। राजधानी पटना का अधिकतम तापमान 32.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से करीब 3 से 4 डिग्री कम रहा। वहीं न्यूनतम तापमान करीब 22 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहा। दो दिन के लिए बंद रहेगा पटना जू पटना जू अगले दो दिन यानी आज रविवार और कल सोमवार को आम पब्लिक के लिए बंद रहेगा। शुक्रवार को आंधी-बारिश के कारण गिरे दर्जनों पेड़ों को हटाने का काम आज भी जारी रहेगा। जू के निदेशक हेमंत पाटिल ने बताया कि परिसर के अलग-अलग हिस्सों में कई बड़े पेड़ गिर गए हैं। इन्हें हटाने के लिए हाइड्रा और जेसीबी की मदद ली जा रही है। सफाई अभियान में 200 से अधिक कर्मचारियों को लगाया गया है। कुछ जानवरों के बाड़ों के अंदर भी पेड़ों की डालियां गिरने की सूचना है। हालांकि राहत की बात यह रही कि किसी जानवर के घायल होने की खबर नहीं है। सभी जानवर सुरक्षित हैं। सामान्य से 202 प्रतिशत अधिक हुई बारिश मौसम विभाग के अनुसार, बीते 24 घंटे के दौरान बिहार में औसत 109.2 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि सामान्य तौर पर इस अवधि में 36.2 मिमी वर्षा होती है। इस प्रकार राज्य में सामान्य से 202 प्रतिशत अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है। बिहार के कई जिलों में सामान्य से काफी अधिक बारिश हुई है। मुजफ्फरपुर, दरभंगा, समस्तीपुर, मधुबनी, मधेपुरा, सहरसा, पूर्णिया, कटिहार, भागलपुर, बांका, मुंगेर और पटना जैसे जिलों में वर्षा सामान्य से काफी ज्यादा रही। वहीं, पश्चिम चंपारण, गोपालगंज, पूर्वी चंपारण, वैशाली और किशनगंज में सामान्य से कम वर्षा दर्ज की गई है। जबकि सहरसा, पूर्णिया, कटिहार, भागलपुर, बांका, मुंगेर और दरभंगा के कई इलाकों में भी अच्छी बारिश दर्ज की गई। क्यों बदला है मौसम का मिजाज मौसम विभाग ने फिलहाल राज्य में हीट वेव की स्थिति से इनकार किया है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक पूर्वी बिहार और आसपास के क्षेत्रों पर बना ऊपरी हवा का साइक्लोनिक सर्कुलेशन अब सब-हिमालयन जोन पश्चिम बंगाल की ओर सक्रिय है। वहीं पश्चिम उत्तर प्रदेश के ऊपर भी एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। इसके अलावा पूर्वी राजस्थान से झारखंड तक द्रोणिका फैली हुई है, जिससे नमी और अस्थिरता बढ़ गई है। बंगाल की खाड़ी से आ रही नम हवाओं के कारण गरज वाले बादल तेजी से विकसित हो रहे हैं। इसी वजह से राज्य में आंधी, बारिश, वज्रपात और ओलावृष्टि की गतिविधियां बढ़ गई हैं। पटना में अगले 4 दिनों का मौसम पूर्वानुमान 10 मई: बारिश और मेघगर्जन की संभावना 11 मई: बादल और बारिश की संभावना 12 मई: एक-दो दौर की बारिश 13 मई: सामान्यतः बादल छाए रहेंगे, कहीं-कहीं बारिश संभव बारिश के कारण पारा गिरा राज्य में बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। सबसे अधिक अधिकतम तापमान कैमूर (भभुआ) में 39 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। सबसे कम न्यूनतम तापमान मधेपुरा में 19.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। बारिश और बादलों की वजह से कई जिलों में दिन का तापमान सामान्य से नीचे बना हुआ है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत महसूस हो रही है। लोगों और किसानों के लिए सलाह मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि गरज-चमक और तेज हवा के दौरान खुले मैदान, पेड़ और बिजली के खंभों के नीचे खड़े न हो। खराब मौसम में अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें। किसानों को सलाह दी गई है कि वे मौसम पूर्वानुमान को ध्यान में रखते हुए खेतों में काम करें। फसलों को सुरक्षित रखने के लिए जल निकासी की उचित व्यवस्था बनाए रखें।

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