पंजाब यूनिवर्सिटी (PU) के स्टूडेंट्स और स्टाफ को एक अंडर पास मिलने जा रहा है। सेक्टर-14 स्थित नॉर्थ कैंपस और सेक्टर-25 स्थित साउथ कैंपस के बीच की दूरी अब कम हो जाएगी। लंबे समय से फाइलों में दबी अंडरपास की योजना पर प्रशासन ने अब प्रक्रिया शुरू कर दी है। चंडीगढ़ प्रशासन ने इस प्रोजेक्ट के लिए कंसल्टेंट नियुक्त कर दिया है, जो अगले 15 दिनों में अपनी फिजिबिलिटी रिपोर्ट सौंपेगा। यह है पूरा प्रोजेक्ट PU का सेक्टर-14 और सेक्टर-25 कैंपस फिलहाल एक मुख्य सड़क से बंटे हुए हैं। हजारों छात्र-छात्राओं को एक कैंपस से दूसरे कैंपस जाने के लिए इस बिजी सड़क को पार करना पड़ता है। नए प्लान के मुताबिक अंडरपास दोनों सेक्टरों को बांटने वाली सड़क के नीचे बनेगा। कैंपस के अंदर की ट्रैफिक मूवमेंट स्मूथ हो जाएगी पैदल चलने वाले स्टूडेंट्स और वाहन चालक दोनों ही इसका इस्तेमाल कर सकेंगे। फिलहाल गेट नंबर-3 के बाहर पीक आवर्स में जबरदस्त जाम लगता है। अंडरपास बनने के बाद कैंपस के अंदर की ट्रैफिक मूवमेंट स्मूथ हो जाएगी और बाहर सड़क पर दबाव कम होगा। 15 दिन में आएगी रिपोर्ट प्रशासन ने जिस कंसल्टेंट को जिम्मेदारी दी है, उसका मुख्य काम यह देखना है कि जमीन के नीचे सीवरेज लाइन या बिजली की तारों का कितना जाल है और अंडरपास बनाना तकनीकी रूप से कितना सही रहेगा। कंसल्टेंट की रिपोर्ट आते ही डिजाइन फाइनल किया जाएगा और टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।