मुंगेर में तेज रफ्तार कार ने सड़क किनारे खड़े तीन लोगों को रौंद दिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि तीनों की मौके पर ही मौत हो गई। स्थानीय लोगों के मुताबिक, घटना के दौरान कार की रफ्तार करीब 120 किमी/घंटा थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तीनों मृतक सड़क किनारे खड़े होकर खराब ट्रक को ठीक कर रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रही कार ने उन्हें कुचल दिया। हादसे के बाद कार अनियंत्रित हो गया और 50 मीटर आगे जाकर दो बार पलट गई। घटना के बाद गुस्साए लोगों ने सड़क जाम कर हंगामा किया। लोगों ने ड्राइवर को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन वह मौके से फरार हो गया। घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बांक पेट्रोल पंप के पास की है। घटना से जुड़ी तस्वीरें देखिए… मरने वाले तीनों मैकेनिक थे मृतकों में मोहम्मद शाहिद उर्फ टिंकू (45) शामिल हैं, जो हाजी सुभान के रहने वाला था। वह पेशे से ट्रक मिस्त्री था। दूसरे मृतक की पहचान राजा मंडल (35) के रूप में हुई है, जो मुफस्सिल थाना क्षेत्र के नौवागढ़ी कांतपुर का रहने वाला था। तीसरे मृतक की पहचान मो. अरमान (19) के रूप में हुई है, जो बनौधा गांव का रहने वाला था। आंख में घुसा शीशा, चेहरे-हाथ में कट जानकारी के मुताबिक, सड़क किनारे एक खराब ट्रक को ठीक किया जा रहा था। इसी दौरान करीब 120 किमी/घंटा की रफ्तार से आई कार अचानक अनियंत्रित होकर वहां मौजूद तीन लोगों को रौंद दिया। हादसे में तीनों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद आसपास मौजूद लोग दौड़कर पहुंचे, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। टक्कर इतनी भीषण थी कि तीनों के शव अलग-अलग दिशा में सड़क पर जा गिरे। किसी की आंख में कार का शीशा घुस गया था, तो किसी के चेहरे और हाथ पर गंभीर चोट के निशान थे। तीनों के सिर से खून बह रहा था। स्थानीय लोगों के अनुसार, गाड़ी की तेज रफ्तार के कारण ड्राइवर नियंत्रण खो बैठा और सीधे ट्रक के पास जा घुसा। इसके बाद कार आगे जाकर पलट गई और बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। आक्रोशित लोगों ने सड़क जाम की घटना के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए और बरियारपुर–मुंगेर मुख्य मार्ग को जाम कर दिया। लोगों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोपी चालक की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस रास्ते पर तेज रफ्तार गाड़ियों की आवाजाही लगातार बढ़ रही है, लेकिन पुलिस और प्रशासन की ओर से कोई सख्ती नहीं की जाती। उनका आरोप है कि इसी लापरवाही के कारण आज तीन लोगों की जान चली गई। सड़क जाम के कारण दोनों तरफ करीब 5 किमी लंबी वाहनों की कतार लग गई। यातायात पूरी तरह बाधित हो गया, जिससे राहगीरों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। परिजन बोले- ड्राइवर चाहता तो कार को कंट्रोल कर सकता था मृतकों के परिजनों ने बताया कि एक मिस्त्री, एक स्टाफ और एक ड्राइवर सड़क किनारे अपनी गाड़ी की मरम्मत कर रहे थे। सभी अपने काम में लगे थे, तभी तेज रफ्तार कार ने आकर साइड में खड़े लोगों को जोरदार टक्कर मार दी। परिजनों का कहना है कि हादसे के बाद भी ड्राइवर कार को कंट्रोल कर सकता था, लेकिन उसने तीनों को कुचल दिया। इस दर्दनाक घटना में तीन लोगों की मौत हो गई, जिसे किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। पुलिस मौके पर पहुंची, लोगों को समझाने की कोशिश घटना की जानकारी मिलते ही सैयद इमरान मसूद के निर्देश पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। सदर DSP अभिषेक आनंद, मुफस्सिल थानाध्यक्ष विपिन कुमार सिंह और नया रामनगर थानाध्यक्ष रविंद्र कुमार समेत कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंचकर हालात को नियंत्रित करने में जुट गई। पुलिस अधिकारियों ने गुस्साए लोगों को समझाने-बुझाने का प्रयास किया। साथ ही शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। पुलिस ने बताया कि कार में सिर्फ ड्राइवर था। हादसे के बाद वह फरार हो गया है। उसकी पहचान करने और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। आसपास लगे CCTV की भी जांच की जा रही है, ताकि गाड़ी के ड्राइवर तक पहुंचा जा सके। ओवरस्पीड में हुआ हादसा मो. जमीर आलम ने बताया, “हादसे की सूचना मिलते ही मैं तुरंत घटनास्थल पर पहुंचा। शुरुआती जांच प्रतीत हो रहा है कि ओवरस्पीड की वजह से ये हादसा हुआ है। रोमियो/इनोवा कार का चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख पाया, जिसके कारण यह भीषण हादसा हुआ।” उन्होंने कहा कि ओवरस्पीडिंग रोकने के लिए प्रशासन लगातार कार्रवाई कर रहा है। तेज रफ्तार वाहनों पर जुर्माना लगाया जाता है और कई स्थानों पर कैमरे भी लगाए गए हैं। आने वाले समय में ऑटोमैटिक चालान व्यवस्था भी लागू की जाएगी, ताकि नियम तोड़ने वालों पर तुरंत कार्रवाई हो सके। मृतकों के परिजनों को 4 लाख की सहायता राशि आपदा प्रभारी कमल किशोर ने बताया कि उन्होंने इस हादसे की जानकारी DM को दे दी गई है। सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को सहायता राशि दी जाएगी। सड़क दुर्घटना में मृतक के परिवार को 4 लाख रुपए के मुआवजे का ऐलान किया गया है। मॉर्टम हो जाता है और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया- जैसे पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट, FIR और अन्य संबंधित प्रमाण पत्र पूरे हो जाते हैं, तो रिपोर्ट मिलते ही सहायता राशि जारी कर दी जाएगी। प्रयास है कि आज या कल शाम तक मृतकों के आश्रितों के खातों में 4 लाख रुपये की राशि भेज दी जाए।