भागलपुर जिले के सन्हौला थाना क्षेत्र के महेशपुर गांव में मंगलवार रात एक बड़ा सड़क हादसा टल गया। शव लेकर अंतिम संस्कार के लिए जा रही एक बस ने अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे बैरिकेड को तोड़ते हुए दो साइकिल सवारों को टक्कर मार दिया। बैरीकेडिंग से टकराकर बस एक घर में घुसने से बच गई। घर में 6 बच्चे मौजूद थे। इस घटना में दोनों साइकिल सवार गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनमें से एक को मायागंज अस्पताल रेफर किया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी भीषण थी कि एक साइकिल सवार उछलकर बस के अंदर जा गिरा। बैरिकेड तोड़ने के बाद बस एक घर की ओर बढ़ी, लेकिन घर में घुसने से ठीक पहले रुक गई, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। घर में मौजूद एक महिला ने बताया कि घटना के समय उसके घर में छह बच्चे मौजूद थे। घटना के बाद आसपास की महिलाओं और ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए बस के अंदर फंसे घायल व्यक्ति को बाहर निकाला। घायलों की पहचान महेशपुर गांव निवासी वकील महतो (लगभग 30-35 वर्ष) और कौशल मंडल (लगभग 32-36 वर्ष) के रूप में हुई है। उन्हें तत्काल सन्हौला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद वकील महतो की नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए भागलपुर के मायागंज अस्पताल रेफर कर दिया गया। कैलाश मंडल का इलाज एक निजी क्लिनिक में चल रहा है। जानकारी के अनुसार, बस धोरैया थाना क्षेत्र के गिचिया गांव से एक मृतक का शव लेकर अंतिम संस्कार के लिए कहलगांव जा रही थी। महेशपुर गांव के समीप चालक ने वाहन पर नियंत्रण खो दिया, जिससे यह दुर्घटना हुई। बस में सवार कुछ अन्य लोगों के भी घायल होने की आशंका है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है। घटना की सूचना मिलते ही सन्हौला थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस द्वारा दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने, बैरिकेड की मजबूती बढ़ाने और इस मार्ग पर नियमित निगरानी की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। थाना प्रभारी रूपेश कुमार ने बताया घटना की सूचना मिलने पर टीम मौके पर पहुंची। घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस घटना के कारण का पता लगाने की कोशिश कर रही है।