लुधियाना के मोहल्ला फतेहगंज में लिव-इन पार्टनर की हत्या के मामले में स्थानीय अदालत ने आरोपी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। एडिश्नल सेशन जज संदीप सिंह बाजवा की अदालत ने दोषी सुनील कुमार पर 10 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। घटना के करीब 11 महीने बाद कोर्ट ने यह फैसला सुनाया। आरोपी ने अपनी पत्नी को गला घोंटकर मौत के घाट उतारा था। हत्यारा हत्या करने के बाद बैग लेकर गली से फरार होता हुआ सीसीटीवी में भी कैद हो गया था। उसकी पत्नी का शव गली सड़ी हालत में उसके कमरे से मिला था। पति ने उसका शव कपड़ों के नीचे छिपा दिया था। क्या था मामला
थाना डिवीजन नंबर-1 की पुलिस ने 10 जून 2025 को यह केस दर्ज किया था। कमरे से तेज बदबू आने पर मकान मालिक ने पुलिस को सूचना दी थी। जब पुलिस मौके पर पहुंची तो 21 वर्षीय युवती राधिका का शव कमरे में कपड़ों के ढेर के नीचे से बरामद हुआ। शव बुरी तरह सड़ चुका था। जांच में सामने आया सच
पुलिस जांच में सामने आया कि युवती के गले पर दबाने के निशान थे और उसके हाथ कपड़े से बंधे हुए थे। आरोपी सुनील कुमार वारदात के बाद फरार हो गया था, जिसे करीब दो हफ्ते बाद गिरफ्तार कर लिया गया। प्यार, शादी और फिर हत्या
परिजनों के मुताबिक, सुनील और राधिका ने चार महीने पहले मंदिर में प्रेम विवाह किया था, हालांकि शादी कानूनी रूप से रजिस्टर्ड नहीं थी। पुलिस के अनुसार, दोनों के बीच राधिका के अपने पूर्व पति और एक अन्य व्यक्ति से संपर्क को लेकर अक्सर झगड़े होते थे। आरोपी का कबूलनामा
पूछताछ के दौरान सुनील ने हत्या की बात कबूल करते हुए बताया कि उसने कई बार राधिका को अपने पुराने संबंध खत्म करने को कहा, लेकिन वह नहीं मानी। इसी बात से गुस्से में आकर उसने उसका गला घोंटकर हत्या कर दी। सभी सबूतों और गवाहों को ध्यान में रखते हुए अदालत ने सुनील कुमार को दोषी करार दिया और उसे उम्रकैद की सजा सुनाई।